मंगलवार, 23 दिसंबर 2014

= ५३ =

#daduji
卐 सत्यराम सा 卐 
भरी अधौड़ी भावठी, बैठा पेट फुलाइ । 
दादू शूकर स्वान ज्यों, ज्यों आवै त्यों खाइ ॥ 
दादू खाटा मीठा खाइ करि, स्वादैं चित दीया । 
इन में जीव विलंबिया, हरि नाम न लीया ॥ 
भक्ति न जाणै राम की, इन्द्री के आधीन । 
दादू बँध्या स्वाद सौं, ताथैं नाम न लीन ॥ 
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Mhaparbhu ki vani ~ Osho Prem Sandesh 
अपने पेट के लिए इतना अन्धविश्वाश फेला दिया कि कोई 
अपने भगवान से दूर हो गया

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