सोमवार, 28 दिसंबर 2020

= ३७ =

🌷🙏🇮🇳 *#daduji* 🇮🇳🙏🌷
🌷🙏 *卐 सत्यराम सा 卐* 🙏🌷
*दादू सगुणा लीजिये, निगुणा दीजे डार ।*
*सगुणा सन्मुख राखिये, निगुणा नेह निवार ॥*
*(#श्रीदादूवाणी ~ साधु का अंग)*
=================
साभार ~ ### स्वामी श्री नारायणदासजी महाराज, पुष्कर, अजमेर ###
साभार विद्युत् संस्करण ~ महन्त रामगोपालदास तपस्वी तपस्वी
.
श्री दृष्टान्त सुधा - सिन्धु ---------क्षमा
############################
संत आविसकरनी जब नगर में जाते थे तब बालक उन्हें पत्थरों से मारते थे, आविसकरनी बालकों से कहते भाई ! छोटे छोटे पत्थर मारो, क्योंकि मेरे पैरों से अधिक रुधिर निकलेगा, तो मैं नमाज के समय खड़ा नहीं रह सकूँगा ।
मारन पर भी मधुर ही, क्षमाशील कह बात ।
छोटे मारो नहीं तो, खड़ा रहा नहिं जात ॥२८२॥

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें